सुप्रभात

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गुड मॉर्निंग फ्रेंड्स

व्यथा इन्सान को बहुत परेशान करती हैं। इन्सान व्यथित भी तभी होता हैं, जब वो अपनो के द्वारा परेशान किया जाता हैं। बहुत से अवसर ऐसे आते हैं, जब उसे अपनो के द्वारा मानसिक संबल की आवश्यकता होती है, पर कुछ खास लोग, जिनसे इन्सान कुछ ज्यादा ही अपेक्षा करता है और वो ही लोग दूर खडे नजर आते हैं।
हालांकी तकलीफ़ में इन्सान की अपनी ही सोच उसका साथ नही दे पाती तो किसी और से क्या अपेक्षा की जा सकती हैं।
समय की नजाकत को समझ कर खुद को ढाल लेने की कला जिसको आ गयी, उसने अपने आप को बहुत सी परेशानियो से बचा लिया, पर जो इन्सान ऐसा नही कर पाया, वो हमेशा परेशान ही रहता हैं।
प्रकृति नें हर इन्सान की फितरत का प्रकार अलग अलग चुना हैं, पर इसके साथ ही एक बहुत अच्छी कला से भी नवाजा हैं, कि वो देखकर सीख सके।
जिसने प्रकृति के इस अद्भूत उपहार को समझ लिया, वो जीने की कला सीख गया।
नमस्कार
आपका दिन शुभ हो।

सुप्रभात | Ecency