इसमे कोई दो मत नहीं कि पिछले 4 साल से किसानों को खाद का वितरण अति सरल सहज हो गया है ,
तत्काल वहीं काउंटर पे लोन की भी व्यवस्था क्यों कि आधार लिंक अप हो चुका है, 2 min में नो ड्यूस क्लिरियेन्स.,
मैं भी अभी वहीं गया था 400 बेग DAP, यूरिया के लिए, स्टॉक में नही था लेकिन कल 11 बजे मिल जाएगा....
पहले इसी काम के लिए मार कुटाई नंगाई करने के बाद मिलता था मने पहले आओँ पहले ही लूटो, छोटे किसानों को तो मिलता तक ना था फिर ले दे के दलाल से ऊंची कीमत में ले जाते थे....
ऐसे ही फसल बीमा योजना सुपरहिट साबित हुई है और भी बहुत सी योजनाएं हिट हो रही हैं
किसानों की फसल का जो अभी अभी समर्थन मूल्य घोषित हुआ वो अभी हर जगह लागू नहीं हो पाया है जो कि नोटबन्दी के बाद भयंकर समस्या का रूप ले चुकी थी फिर भी विश्वास है उसका भी फायदा जल्द मिलना शुरू हो जाएगा ।
अब इतना सब कुछ होने के बाद भी जो किसान छाती कूट रहे हैं वो प्रायोजित कांग्रेसी किसान है या परम् अलाल हरामखोर टाइप हैं...वइसे भी 70 साल की समस्या को सम्पूर्ण खत्म होने में बखत लगेगा ।
कुल मिला के 4 साल के मोदी शासन में किसानों के लिए अच्छे दिन अब आ ही गए
अब मेरे जैसे किसानों के लिए 2 ही काम हैं खेती करना और खाली टाइम में कांग्रेसी ,सेक्युलरों की अम्मी आपा... आप तो खुदे समझदार हैं