दोस्तों आप तो जानते ही हो कि होशंगाबाद में दूध को लेकर किस हद तक मामला गंभीर होता जा रहा है मगर अब इस आंदोलन में एक नया रुख अपनाया है और वह यह है किसानों ने अपने आंदोलन को जारी रखते हुए आपने कुछ दिनों यह देखा भी होगा बहुत सारा दूध किसानों
Image Source
ने रोड पर बाहर कर उसे नष्ट कर दिया और यह अपना विरोध जताने का कानदास था मगर अब इन लोगों ने एक नई पहल शुरू की है जिसमें यह अवधूत को नष्ट नहीं कर रहे और ना ही बाजार में इसको बेचने के लिए मार्केट में दूध बेचने के लिए आ रहे हैं बल्कि सरकार को
मजा चखाने के लिए इन लोगों ने अपने विरोध को जारी रखने के लिए अब दूध को रोड पर गिरा कर उसे नष्ट करना नहीं अब इन्होंने नई पहल शुरू यह की है यह अब अस्पताल में जो मरीज है उन्हें मुफ्त में ताजा ताजा दूध पेश कर रहे हैं और साथी साथ अपना विरोध भी जता
रहे हैं बगैर किसी हंगामे के यह इनका एक अनोखा तरीका है और जिससे यह अपनी मांग को लेकर अपने आप को आंदोलन में जीवित रखना चाहते हैं इसीलिए उन्होंने अब कड़ा रुख अपनाने के बजाय सॉफ्टवेयर साथ काम करने का इरादा कर लिया है और इस पहल से
काफी लोग इन्हें पसंद कर रहे हैं और हो सकता है कि आने वाले दिनों में इन्हें भारी समर्थन भी मिले यह अपनी मांग को लेकर जो विरोध प्रदर्शन कर रहे हैं अगर बात यहां पर एक मजे किए हैं यह दूध अस्पताल में पेश करने से पहले उन्होंने इसकी जांच करवाई और कुछ भी
Image Source
लोगों के सामने यह दूध पी कर यह साबित कर दिया कि यह शुद्ध दूध है और यह किसी भी तरह से हानिकारक नहीं है और जो डिपार्टमेंट दूध की क्वालिटी चेक करता है उन्हें सैंपल देख कर उन्होंने यह सिद्ध कर दिया कि उनके दूध में कोई कमी नहीं तो उन्हें अच्छे दाम क्यों इस
खबर से मुझे यही लग रहा है कि इन किसानों ने जो सकारात्मक सोच के साथ जो विरोध प्रदर्शन
कर रहे हैं यह अपने आप में एक बहुत हीअच्छी बात है जिसमें ना किसी को नुकसान पहुंचा रहे हैं
शांतिपूर्ण अपना विरोध कर रहे हैं और उन्हें करने का पूरा अधिकार है भारत में हर
Image Source
किसी को अपनी बात कहने का हक है तो यह हमारे किसान भाइयों के लिए भी हम यह कहना चाहते हैं कि उनकी मांगे पूरी हो उन्हें अच्छे दाम भी लेता कि वह अपना गुजारा सही से गुजार सकें और उम्मीद है कि इनके विरोध प्रदर्शन को लेकर सरकार इसे गंभीरता से लेंगे और इस समस्या को टेबल टॉकिंग के साथ हल करने की कोशिश करेगी